भारत-नेपाल सीमा पर गैरकानूनी गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखें : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी
पटना, संवाददाता। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में शुक्रवार को मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित ‘संवाद’ में भारत-नेपाल सीमा से जुड़े सुरक्षा, प्रशासनिक एवं विकासात्मक विषयों पर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सीमावर्ती सात जिलों के जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक भी शामिल हुए।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भारत-नेपाल सीमा पर गैरकानूनी गतिविधियों, आर्थिक अपराधों तथा तस्करी पर कड़ी निगरानी रखी जाए। उन्होंने कहा कि सभी चेकपोस्टों से 15 किलोमीटर की परिधि तक प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए तथा संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष सतर्कता बरती जाए।
मुख्यमंत्री ने उर्वरक एवं मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन, पुलिस एवं सीमा सुरक्षा बल के बीच नियमित समन्वय बैठकें आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बेहतर समन्वय से सीमावर्ती क्षेत्रों में अपराध एवं तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण संभव होगा।
उन्होंने सीमावर्ती जिलों में थाना स्तर पर विशेष टीमों के गठन का भी निर्देश दिया। इन टीमों को ऐसे व्यक्तियों की पहचान और सत्यापन करने का दायित्व सौंपा जाएगा, जिनकी आय में उनके ज्ञात स्रोतों की तुलना में असामान्य वृद्धि हुई है।
बैठक में मुख्यमंत्री ने सीमावर्ती क्षेत्रों में लंबित विकास योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा करने का निर्देश दिया। इसके अलावा किशनगंज जिले में उर्दू विद्यालयों की स्थापना के लिए 100 उपयुक्त स्थलों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई करने को भी कहा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सीमा क्षेत्र की सुरक्षा और विकास दोनों सरकार की प्राथमिकता हैं। इसके लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें, ताकि सीमावर्ती क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था मजबूत होने के साथ-साथ विकास कार्यों में भी तेजी लाई जा सके।
