कॉल फॉरवर्डिंग कर व्हाट्सऐप हैक, परिचितों से पैसे मांगने वाले दो साइबर ठग गिरफ्तार
ब्लूडार्ट का एजेंट बनकर करते थे फोन, आठ मोबाइल बरामद; अस्थावां के गोठिया गांव में छापेमारी के बाद हुआ खुलासा
बिहारशरीफ, 8 सितंबर। नालंदा में साइबर अपराधियों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कॉल फॉरवर्डिंग के जरिए लोगों के व्हाट्सऐप तक पहुंच बनाकर उनके परिचितों से पैसे की मांग करने वाले दो साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से पुलिस ने आठ स्क्रीन टच मोबाइल फोन बरामद किए हैं। दोनों आरोपियों को न्यायालय में प्रस्तुत करने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
पुलिस के मुताबिक, अस्थावां थाना क्षेत्र के गोठिया गांव में कुछ लोगों द्वारा साइबर ठगी किए जाने की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर नालंदा साइबर थाना की टीम ने गोठिया गांव स्थित मुर्गी फार्म और कुछ संदिग्ध लोगों के घरों पर छापेमारी की। छापेमारी के दौरान पुलिस ने संदिग्धों से पूछताछ की, जिसमें साइबर ठगी के तरीके का खुलासा हुआ।
जांच में सामने आया कि आरोपी खुद को ब्लूडार्ट का एजेंट बताकर लोगों से संपर्क करते थे। पार्सल डिलीवरी के नाम पर वे लोगों को फोन करते और किसी दूसरे नंबर पर कॉल करने या मोबाइल में एक विशेष कोड डायल करने के लिए कहते थे। इसके बाद आरोपी पीड़ित के मोबाइल में कॉल फॉरवर्डिंग सक्रिय कर देते थे।
कॉल फॉरवर्डिंग सक्रिय होने के बाद आरोपी पीड़ित के परिचितों से संपर्क करते थे। उन्हें बताया जाता था कि संबंधित व्यक्ति किसी आपात स्थिति या संकट में फंस गया है और उसे तत्काल पैसों की जरूरत है। इस तरह परिचितों को झांसे में लेकर उनके जरिए पैसे की मांग की जाती थी।
पुलिस ने इस मामले में नालंदा साइबर थाना में कांड संख्या 211/26, दिनांक 7 सितंबर 2026 दर्ज किया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ विधिवत कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
दो आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रोहन पटेल (26 वर्ष), पिता रविशंकर प्रसाद तथा मनीष कुमार (23 वर्ष), पिता अनिल प्रसाद के रूप में हुई है। दोनों गोठिया गांव, थाना अस्थावां, जिला नालंदा के रहने वाले बताए गए हैं।
आठ मोबाइल फोन बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से आठ स्क्रीन टच मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पुलिस बरामद मोबाइल की तकनीकी जांच कर रही है। जांच के दौरान साइबर ठगी से जुड़े अन्य मामलों और गिरोह में शामिल लोगों के बारे में भी जानकारी मिलने की संभावना है।
साइबर थाना की टीम ने की कार्रवाई
कार्रवाई में नालंदा साइबर थाना के पु०अ०नि० अबू तालीब अंसारी, तौकीर खान कुमार और विवेक कुमार के अलावा सिपाही पुनेश कुमार, यश कुमार, चंदन कुमार, रविनंदन कुमार, रवि कुमार, चालक सिपाही निरंजन कुमार तथा गृह रक्षक करण कुमार शामिल रहे। कार्रवाई में जिला आसूचना इकाई की टीम का भी सहयोग रहा।
पुलिस ने लोगों को किया सावधान
नालंदा पुलिस ने आम लोगों से साइबर अपराधियों से सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस ने कहा कि फोन कॉल, व्हाट्सऐप कॉल, एसएमएस या विज्ञापन के माध्यम से मिलने वाली किसी भी सूचना पर बिना सत्यापन के भरोसा नहीं करें। अनजान व्यक्ति के कहने पर मोबाइल में कोई कोड डायल नहीं करें और न ही ओटीपी, बैंक संबंधी जानकारी या अन्य गोपनीय जानकारी साझा करें।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि साइबर ठगी की किसी भी आशंका पर तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दें और सतर्क रहकर ही डिजिटल सेवाओं का इस्तेमाल करें।
