श्री काली साह खाजा के संचालक संजीव गुप्ता एवं श्रीमती सोनी गुप्ता को मिला प्रतिष्ठित BIB अवॉर्ड, फिल्म अभिनेत्री ईशा देओल ने किया सम्मानित

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सिलाव, नालंदा। विश्वप्रसिद्ध श्री काली साह खाजा के संचालक श्री संजीव गुप्ता एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती सोनी गुप्ता को पटना स्थित ताज सिटी सेंटर में आयोजित सम्मान समारोह में प्रतिष्ठित BIB अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। यह सम्मान बॉलीवुड अभिनेत्री ईशा देओल द्वारा प्रदान किया गया। सम्मान समारोह में श्री काली साह खाजा की गौरवशाली परंपरा, गुणवत्ता और विशिष्ट पहचान को देखते हुए यह सम्मान दिया गया।

सिलाव, नालंदा की पहचान बन चुका श्री काली साह खाजा लगभग 200 वर्षों से अपनी पारंपरिक विरासत और स्वाद को आगे बढ़ा रहा है। अपने विशिष्ट स्वाद और उत्कृष्ट गुणवत्ता के कारण यह खाजा देश-विदेश में अपनी अलग पहचान बना चुका है। प्रतिष्ठित राष्ट्रपति पुरस्कार से भी सम्मानित श्री काली साह खाजा आज बिहार की समृद्ध खाद्य विरासत और पारंपरिक मिठास का गौरव बन चुका है।

इस प्रतिष्ठित सम्मान के लिए श्री संजीव गुप्ता ने आयोजकों एवं सभी शुभचिंतकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद कहा। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उनके लिए बेहद गर्व और खुशी का अवसर है। उन्होंने बताया कि वह और उनके भाई श्री संदीप गुप्ता मिलकर श्री काली साह खाजा की लगभग 200 वर्षों पुरानी विरासत को आगे बढ़ाने और इसे नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए लगातार प्रयासरत हैं।

उन्होंने कहा कि आने वाले समय में श्री काली साह खाजा को और अधिक व्यापक स्तर पर देश-विदेश तक पहुंचाने के साथ-साथ सिलाव की पारंपरिक पहचान को भी मजबूत करने का प्रयास जारी रहेगा।

सिलाव में स्थित श्री काली साह खाजा की दुकान पर पारंपरिक खाजा के साथ-साथ ग्राहकों के लिए कई तरह के नए और अनोखे स्वाद भी उपलब्ध हैं। इनमें मैंगो फ्लेवर खाजा, चॉकलेट फ्लेवर खाजा, नमकीन घी फ्लेवर खाजा, गुड़ फ्लेवर खाजा और चॉकलेट-पिस्ता फ्लेवर खाजा जैसे विशेष स्वाद शामिल हैं। पारंपरिक स्वाद के साथ नए फ्लेवर का यह अनोखा प्रयोग ग्राहकों को काफी पसंद आ रहा है।

लगभग दो शताब्दियों की गौरवशाली विरासत, पारंपरिक स्वाद और लगातार नए प्रयोगों के साथ श्री काली साह खाजा आज सिलाव, नालंदा ही नहीं, बल्कि बिहार की एक ऐसी पहचान बन चुका है, जिसे देश-विदेश में भी लोग पसंद कर रहे हैं। यह प्रतिष्ठित BIB अवॉर्ड श्री काली साह खाजा की यात्रा में एक और गौरवपूर्ण अध्याय जोड़ता है।

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