राजगीर मलमास मेला को लेकर प्रशासन अलर्ट, मॉक ड्रिल के साथ अधिकारियों को दी गई जिम्मेदारी
नालंदा जिले के राजगीर में 17 मई से शुरू होने वाले राजकीय मलमास मेला 2026 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिला दंडाधिकारी-सह-जिलाधिकारी कुंदन कुमार की अध्यक्षता में प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों, पुलिस पदाधिकारियों एवं आपदा मित्रों के साथ ब्रीफिंग बैठक आयोजित की गई। बैठक में मेले के दौरान विधि-व्यवस्था, सुरक्षा, यातायात नियंत्रण, भीड़ प्रबंधन एवं आपदा प्रबंधन को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
प्रशासन की ओर से मेला क्षेत्र में संभावित आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए मॉक ड्रिल का भी आयोजन किया गया। इस दौरान पुलिस बल, स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन दल एवं आपदा मित्रों ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव कार्यों का प्रदर्शन किया। अधिकारियों को भगदड़, आग लगने, जल दुर्घटना तथा अन्य प्राकृतिक एवं मानवीय आपदाओं से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क रहने का निर्देश दिया गया।

जिलाधिकारी ने कहा कि राजकीय मलमास मेला 2026 नालंदा जिले की धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण आयोजन है। मेले के दौरान भारी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा, पार्किंग, चिकित्सा सुविधा, पेयजल, स्वच्छता, प्रकाश व्यवस्था एवं संचार व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने सभी अधिकारियों को अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी एवं समन्वय के साथ करने का निर्देश दिया।
बैठक में पुलिस पदाधिकारियों को संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी रखने, महिला सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने तथा असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर बनाए रखने के निर्देश दिए गए। प्रशासन ने बताया कि मेला क्षेत्र में पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की जाएगी और सीसीटीवी कैमरों एवं ड्रोन के माध्यम से लगातार निगरानी रखी जाएगी।
गौरतलब है कि राजकीय मलमास मेला 2026 का आयोजन 17 मई से 15 जून 2026 तक होगा। इस दौरान ब्रह्मकुंड में स्नान के लिए देशभर से लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के वरीय अधिकारी, दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में आपदा मित्र उपस्थित रहे।
