वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और सुरक्षा को लेकर नालंदा प्रशासन सक्रिय, ‘अटल वयो अभ्युदय योजना’ से जागरूकता अभियान तेज
शंकर कुमार की रिपोर्ट,
वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों की रक्षा और उनके सम्मानजनक जीवन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मंगलवार को नगर भवन में एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन और सामाजिक सुरक्षा कोषांग, नालंदा के तत्वावधान में “अटल वयो अभ्युदय योजना” के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी कुंदन कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी ने वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और नई पीढ़ी (Genz) के साथ उनके संबंधों पर केंद्रित एक विशेष जागरूकता कॉमिक पुस्तिका (संवाद संस्करण) का विमोचन भी किया।
कानूनी अधिकारों के प्रति किया जागरूक
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल केवल पारिवारिक कर्तव्य नहीं, बल्कि एक कानूनी अनिवार्यता भी है। उन्होंने बताया कि ‘माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007’ और बिहार नियमावली 2012 के तहत बुजुर्गों की संपत्ति, जान-माल और भरण-पोषण की सुरक्षा के लिए कड़े प्रावधान किए गए हैं।

उन्होंने कहा कि अगर किसी वरिष्ठ नागरिक को अपने जीवन या संपत्ति पर खतरा महसूस होता है या उनके साथ दुर्व्यवहार किया जाता है, तो वे सीधे अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) के समक्ष आवेदन दे सकते हैं। जिला प्रशासन ऐसे मामलों में त्वरित न्याय सुनिश्चित करता है।
बेदखल होने पर मिलेगा सरकारी आश्रय
जिलाधिकारी ने जानकारी दी कि यदि किसी बुजुर्ग को उनके घर से बेदखल किया जाता है, तो उन्हें सरकारी या गैर-सरकारी वृद्धाश्रमों में आश्रय दिलाने के साथ-साथ भोजन और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इसके लिए अनुमंडल स्तर पर भरण-पोषण अधिकरण गठित हैं, जहाँ इन समस्याओं का निपटारा किया जाता है।
नुक्कड़ नाटक से दी गई सीख
कार्यक्रम के दौरान ‘बिहार गौरव दूत’ की टीम ने मर्मस्पर्शी नुक्कड़ नाटक के माध्यम से उपस्थित जनसमूह को बुजुर्गों के प्रति संवेदनशील होने के लिए प्रेरित किया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे पंचायत स्तर तक इस योजना का प्रचार-प्रसार करें ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति लाभ से वंचित न रहे।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर उप विकास आयुक्त, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, सामाजिक सुरक्षा कोषांग के सहायक निदेशक, पुलिस उपाधीक्षक (सुरक्षा) और सदर अस्पताल के विशेषज्ञ चिकित्सकों सहित बड़ी संख्या में वृद्धजन और जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
