जू सफारी में ‘केसरी’ का आगमन, पर्यटक हो रहे रोमांचित, सफेद बाघ केसरी लोगों को नजदीक से करेगा आकर्षित
अनुमंडल संवाददाता राजगीर राजीव लोचन की रिपोर्ट,
बिहार के प्रमुख पर्यटन स्थल राजगीर जू सफारी ने वन्यजीवन प्रेमियों और पर्यटकों के लिए एक नया रोमांच पेश किया है। पटना जू से विशेष एनिमल एक्सचेंज कार्यक्रम के तहत लाए गए सफेद बाघ “केसरी” को अब आधिकारिक रूप से बाघ एन्क्लोजर में आम जनता के दर्शन के लिए छोड़ दिया गया है। इस अवसर ने पर्यटकों के बीच उत्साह और आकर्षण का एक नया स्तर पैदा कर दिया है।
पिछले कुछ दिनों से खुले वातावरण में “केसरी” को देख पर्यटक बेहद रोमांचित नजर आ रहे हैं। उसकी सफेद चमक और दमदार दहाड़ विशेष रूप से बच्चों और परिवारों के बीच चर्चा का मुख्य विषय बनी हुई है। अब पर्यटक उसे नजदीक से देखकर फोटो खिंचवा सकते हैं और इस अनोखे अनुभव को यादगार बना सकते हैं।

इस खास मौके पर राजगीर जू सफारी के निदेशक, रामसुंदर एम. ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सफेद बाघ “केसरी” का यहाँ आगमन उनके लिए गर्व का क्षण है। उन्होंने बताया कि बाघ को ऐसा वातावरण प्रदान किया गया है जो उसके प्राकृतिक आवास के अनुकूल है। कुछ दिनों के गहन अवलोकन के बाद यह स्पष्ट हुआ है कि केसरी यहाँ की जलवायु और खुले एन्क्लोजर में पूरी तरह सहज हो गया है।
“केसरी” का आगमन न केवल वन्यजीवन प्रेमियों के लिए आकर्षण है, बल्कि यह सफारी में पर्यटकों के लिए सुरक्षित और प्राकृतिक अनुभव को और भी रोमांचक बनाता है। एन्क्लोजर और उसके आसपास के क्षेत्र को पूरी तरह से पर्यावरण-अनुकूल डिजाइन किया गया है, जिससे बाघ और पर्यटक दोनों सुरक्षित और सहज अनुभव का आनंद ले सकें। सुरक्षा उपायों को अत्याधुनिक प्रोटोकॉल के अनुसार सुनिश्चित किया गया है और सफारी वाहन भी पूरी तरह सुरक्षित हैं।

राजगीर जू सफारी अब न केवल वन्यजीवों का नजदीकी अनुभव प्रदान करने के लिए तैयार है, बल्कि यह बिहार के पर्यटन क्षेत्र में एक नया प्रमुख आकर्षण केंद्र भी बन गया है। “केसरी” की उपस्थिति ने इस सफारी को हर उम्र के पर्यटकों के लिए और भी यादगार और अनोखा बना दिया है।
