नेशनल पैरा एथलेटिक्स में नालंदा के खिलाड़ियों का कमाल, कई स्पर्धाओं में जीते स्वर्ण-रजत पदक
रानी सिन्हा की रिपोर्ट
पटना (बिहार) । पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित 12वीं नेशनल एथलेटिक्स चैंपियनशिप फॉर ऑटिज्म और 21वीं नेशनल एथलेटिक्स चैंपियनशिप फॉर सीपी (सेरेब्रल पाल्सी) में नालंदा जिला के पैरा खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जिले का नाम रोशन किया है। 14 और 15 मार्च को आयोजित इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में जिले के छह खिलाड़ियों ने विभिन्न स्पर्धाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर कई पदक अपने नाम किए।
नालंदा ऑन स्पॉट संगठन के सचिव कुंदन कुमार पांडे ने खिलाड़ियों की सफलता की जानकारी देते हुए बताया कि हरनौत क्षेत्र के खिलाड़ियों का प्रदर्शन काफी सराहनीय रहा। चेरो गांव निवासी गरीबन साव की पुत्री आरुषि ने सब-जूनियर महिला वर्ग की 50 मीटर दौड़ में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता। इसके साथ ही उन्होंने सॉफ्टबॉल थ्रो स्पर्धा में रजत पदक हासिल कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।
वहीं खिलाड़ी सार्थक राज ने सॉफ्टबॉल थ्रो में स्वर्ण पदक जीतकर जिले का मान बढ़ाया, जबकि दौड़ स्पर्धा में उन्हें कांस्य पदक प्राप्त हुआ। सीनियर पुरुष वर्ग में अंकित ने सॉफ्टबॉल थ्रो में गोल्ड मेडल जीतकर नालंदा की झोली में एक और उपलब्धि जोड़ी।
दो दिवसीय इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में देश के 19 राज्यों से करीब 600 दिव्यांग खिलाड़ियों ने भाग लिया। दौड़, लंबी कूद, गोला फेंक और अन्य ट्रैक एंड फील्ड स्पर्धाओं में खिलाड़ियों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित बिहार की खेल मंत्री श्रेयसी सिंह ने विजेता खिलाड़ियों को मेडल और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया और उनके जज्बे की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया।
पदक तालिका में मेजबान बिहार ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 37 स्वर्ण, 52 रजत और 28 कांस्य पदकों के साथ ओवरऑल चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया। वहीं गुजरात दूसरे और तमिलनाडु तीसरे स्थान पर रहे।
नालंदा के खिलाड़ियों की इस बड़ी उपलब्धि पर जिले के खेल प्रेमियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर है और सभी ने खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
