दिल्ली सड़क हादसे में प्रवासी युवक की मौत, शव गांव पहुंचते ही मचा कोहराम
राकेश पासवान की रिपोर्ट
हरनौत (नालंदा): सड़क हादसे में जान गंवाने वाले स्वर्गीय विजय यादव के पुत्र सुजीत कुमार (40) का शव बुधवार को दिल्ली से एंबुलेंस द्वारा हरनौत प्रखंड के नर्चवार गांव लाया गया। जैसे ही शव गांव पहुंचा, परिजनों के बीच चीख-पुकार मच गई और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
ग्रामीण शिव कुमार सिन्हा ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद मृतक का शव उनके पैतृक गांव नर्चवार लाया गया। शव पहुंचते ही गांव में कोहराम मच गया। परिजनों के करुण विलाप से उपस्थित लोगों की आंखें भी नम हो गईं।
बताया जाता है कि सुजीत कुमार वर्षों से दिल्ली में रहकर एक निजी कंपनी में कार्यरत थे। वे अपनी पत्नी और एक बेटे के साथ वहीं रहते थे तथा नियमित रूप से घर पैसे भेजकर परिवार का भरण-पोषण करते थे।
जानकारी के अनुसार, बीते 9 फरवरी को सड़क पार करने के दौरान एक स्कूटी ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान 16 फरवरी की शाम करीब छह बजे उन्होंने दम तोड़ दिया।
मृतक के पिता का देहांत वर्षों पहले हो चुका है। दो भाइयों में सुजीत सबसे बड़े थे। वे अपने पीछे पत्नी और एकलौते पुत्र को छोड़ गए हैं। इस हृदयविदारक घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।
