मुख्य पार्षद व कार्यपालक अधिकारी के खिलाफ हिलसा नगर परिषद में तालेबंदी, 18 वार्ड पार्षदों का धरना
रानी सिन्हा की रिपोर्ट
हिलसा (नालंदा)। नगर परिषद हिलसा में गुरुबार को उस समय हंगामे की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब करीब 18 वार्ड पार्षदों ने एकजुट होकर नगर परिषद कार्यालय के मुख्य द्वार पर ताला जड़ दिया और धरना पर बैठ गए। पार्षदों ने मुख्य पार्षद एवं कार्यपालक अधिकारी पर मनमानी, पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाने और जनप्रतिनिधियों की अनदेखी करने का गंभीर आरोप लगाया।
प्रदर्शनकारी पार्षदों का कहना था कि नगर परिषद में विकास योजनाओं और सरकारी कार्यों से संबंधित निर्णय बिना उनकी सहमति के लिए जा रहे हैं। वार्डों की समस्याओं को लेकर कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। इससे सभी पार्षदों में आक्रोश व्याप्त है।
धरना के दौरान पार्षदों ने नारेबाजी करते हुए प्रशासन के खिलाफ अपना विरोध जताया और मांग की कि जनप्रतिनिधियों को उचित सम्मान दिया जाए तथा विकास कार्यों में उनकी भागीदारी सुनिश्चित की जाए। तालेबंदी के कारण नगर परिषद कार्यालय का कामकाज पूरी तरह ठप हो गया और आम लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।

उपमुख्य पार्षद दुर्गा देवी ने कहा कि मुख्य पार्षद और कार्यपालक अधिकारी के मनमाने रवैये से सभी पार्षद परेशान हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता नहीं बरती जा रही है और वार्ड पार्षदों को जानकारी तक नहीं दी जाती। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस पहल नहीं की जाएगी, तब तक आंदोलन जारी रहेगा और कार्यालय का ताला नहीं खोला जाएगा।
पार्षदों के इस कदम से नगर परिषद क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है और मामले के जल्द समाधान की मांग उठने लगी है।
