आमदनी के साथ पोषण बढ़ाने के लिए करें फल व सब्जी की खेती
रानी सिन्हा की रिपोर्ट
नूरसराय (नालंदा) आत्मा नवादा के सौजन्य से हॉर्टिकल्चर कॉलेज, नूरसराय में आयोजित फल एवं सब्जी उत्पादन व प्रसंस्करण विषयक पांच दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शनिवार को सफलतापूर्वक सम्पन्न हो गया। प्रशिक्षण के समापन अवसर पर नवादा जिले से आए 30 किसानों को महाविद्यालय के प्राचार्य द्वारा प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।
इस मौके पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रणधीर कुमार ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को प्रतिदिन लगभग 400 ग्राम फल का सेवन करना चाहिए, लेकिन वर्तमान में यह उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। ऐसे में अपने परिवार के पोषण स्तर को बढ़ाने तथा आय में वृद्धि के लिए फल व सब्जी की खेती एक बेहतर विकल्प है।

उन्होंने बताया कि नवादा जिले में फलदार वृक्षों की कमी है, इसलिए किसानों को बड़े पैमाने पर बागवानी अपनाने की जरूरत है। जिले का आधा हिस्सा सूखा प्रभावित क्षेत्र होने के कारण सूक्ष्म सिंचाई पद्धति काफी कारगर साबित हो सकती है। स्प्रिंकलर, टपक एवं ड्रिप सिंचाई तकनीक से पानी की बचत के साथ समय और मजदूरी भी कम लगेगी।
डॉ. कुमार ने किसानों से अपील करते हुए कहा कि प्रशिक्षण के दौरान सीखी गई तकनीकों को अपने खेतों में लागू करें और अन्य किसानों को भी इसकी जानकारी दें, तभी यह प्रशिक्षण सार्थक सिद्ध होगा।
कार्यक्रम में डॉ. सी.एस. आजाद, डॉ. रामबाबू रमन, डॉ. पंकज कुमार मंडल, डॉ. सुनील कुमार यादव, बीटीएम मनीष कुमार सहित अन्य अधिकारी एवं प्रशिक्षक मौजूद रहे।
