सिंदूर भरकर अपनाया, अगले ही दिन दुल्हन को घर से निकाला — प्रेम विवाह पर परिवार का विरोध, पंचायत में सुलह की कोशिश
रानी सिन्हा की रिपोर्ट, नूरसराय (नालंदा): थाना क्षेत्र के बाराखुर्द पंचायत अंतर्गत खरजमा गांव में प्रेम प्रसंग से जुड़े वैवाहिक विवाद का मामला शुक्रवार को प्रकाश में आया। आरोप है कि युवक ने बुधवार रात युवती की मांग में सिंदूर भरकर उसे पत्नी के रूप में स्वीकार किया, लेकिन अगले ही दिन पारिवारिक दबाव में दुल्हन को घर से बाहर कर दिया गया। इसके बाद मामले को लेकर पंचायत बैठाई गई।
ग्रामीणों के अनुसार, गांव की एक युवती का पड़ोसी गांव खरजमा निवासी मुक्कू पासवान के पुत्र राहुल पासवान के साथ पिछले तीन वर्षों से प्रेम संबंध था। बताया जाता है कि करीब डेढ़ वर्ष पूर्व दोनों ने शादी भी की थी, लेकिन कुछ दिनों बाद आपसी मतभेद के कारण अलग हो गए थे। हाल के दिनों में दोनों के बीच फिर से नजदीकियां बढ़ीं।
बुधवार रात राहुल युवती के घर पहुंचा और उसकी मांग में सिंदूर भरकर उसे अपनाया। वह रात भर वहीं रुका रहा। इस बात की जानकारी राहुल के परिजनों को मिली तो उन्होंने युवक पर लड़की को घर नहीं लाने का दबाव बनाया। गुरुवार को जब राहुल युवती को अपने घर लेकर पहुंचा तो परिजनों के विरोध के कारण दुल्हन को घर से बाहर कर दिया गया। युवती पूरी रात दरवाजे पर ही बैठी रही।
घटना की सूचना मिलते ही लड़की के परिजन और दर्जनों ग्रामीण खरजमा गांव पहुंचे और समझाने-बुझाने का प्रयास किया, लेकिन वर पक्ष के लोग मानने को तैयार नहीं हुए। शुक्रवार को दोनों पक्षों के बीच काफी कहासुनी के बाद पंचायत बुलाई गई।
पंचायत में दोनों परिवारों के लोग, ग्रामीण, पंचायत के मुखिया, सरपंच तथा जिला परिषद पति सत्येंद्र मुकुट मौजूद रहे। युवती के पिता रूदल पासवान के चेन्नई में रहने और युवक के दादा के बक्सर में होने के कारण अंतिम निर्णय नहीं हो सका। मामले के समाधान के लिए 20 फरवरी को अगली पंचायत करने का निर्णय लिया गया।
फिलहाल युवती अपने मायके लौट गई है और पूरे इलाके में इस घटना को लेकर चर्चा बनी हुई है।
